इन दस स्कूलों के संचालको की लापरवाही से नहीं हुआ बच्चो का एडमिशन

    205
    इन दस स्कूलों के संचालको की लापरवाही से नहीं हुआ बच्चो का एडमिशन

    लखनऊ | बीएसए डा.अमरकान्त सिंह ने सोमवार के दिन दस स्कूलों के खिलाफ जो नोटिस जारी कि वह अजीब ही रवैय्ये को दर्शाती हुई दिखी। सरकारी भाषा में लिखे पत्र के अन्तिम तीन लाइनों में स्कूल मैनेजरों को फिर एक बार मौका दिया है। अभिभावक कमरे में ऐसी शिकायतें रोजाना लेकर आते हैं, जिसमें स्कूल मालिक न केवल स्कूल गेट में घुसने से ही रोक देते हैं, कुछ जो घुस जाते हैं, उन्हें बहाने बना कर बाहर निकाल देते हैं ।

    यह हाल तब है जब जिलाधिकारी ने कह रखा है कि गरीबों के बच्चों के एडमिशन में नुक्ताचीनी करने वाले स्कूलों पर कार्रवाई की जाय। गोमतीनगर स्थित इमाकुलेट कन्सेप्शन कान्वेन्ट स्कूल ने जहां दिव्यांग राजपाल को स्कूल में घुसने ही नहीं दिया तो वहीं वृन्दावन सेक्टर छह स्थित एलेन हाऊस पब्लिक स्कूल के दर्जनों एडमिशन स्कूल गेट में घुसने नहीं पा रहे हैं ।

    कुछ यही हाल ब्राइट वे स्कूल और बेबी मार्टिन पब्लिक स्कूल का भी है, जहां पर राजीव गुप्ता के बेटे का फार्म ही स्कूल मैनेजर ने फाड़ दिया। कुछ यही हाल अन्य के बच्चों के साथ भी है, जो रोजाना विभाग के आरटीई सेल पर चक्कर लगा रहे हैं ।

    दस स्कूलों को मिला है नोटिस

    बीएसए डा.अमरकान्त सिंह ने जिन दस स्कूलों को सोमवार को नोटिस दी है, उसमें तहसीनगंज स्थित बेबी मार्टिन इण्टरनेशनल स्कूल, खालाबाजार स्थित एक्जान मान्टेन्सरी स्कूल, एवं आस पास के अन्य स्कूल है | इन सभी स्कूलों के खिलाफ लाटरी में चयनित बच्चों के प्रवेश न लेने तथा अनेक नोटिसों के देने के बाद भी आदत में सुधार न आने की बात कही गयी है।